भारत की भूतिया जगह.......

1.) भानगड़ किला, राजस्थान

यहां सूरज ढलते ही इस किले में अगर कोई रुक पाता है, तो वो हैं वहां वास कर रहीं आत्माएं। यकीन मानिए, भानगड़ किला बाहर से दिखने में जितना सुंदर है, उसके अंदर काले जादू का आगोश है। इस किले की भूतिया कहानी के पीछे है वो शाप, जो तांत्रिक सिंघीया ने भानगड़ की राजकुमारी रत्नावती को दिया था। रत्नावती की वजह से ही इस तांत्रिक की मृत्यु हुई थी। दरअसल, राजकुमारी रत्नावती से सिंघीया नाम का व्यक्ति बहुत प्यार करता था। एक दिन राजकुमारी रत्‍नावती एक इत्र की दुकान पर पहुंची और वो इत्रों को हाथों में लेकर उसकी खुशबू ले रही थी।सिंघीया उसी राज्‍य में रहता था और वो काले जादू का महारथी था। इसलिए उसने उस दुकान के पास आकर एक इत्र के बोतल जिसे रानी पसंद कर रही थी उसने उस बोतल पर काला जादू कर दिया जो राजकुमारी के वशीकरण के लिए किया था। लेकिन राजकुमारी रत्‍नावती ने उस इत्र के बोतल को उठाया, लेकिन उसे वही पास के एक पत्‍थर पर पटक दिया। पत्‍थर पर पटकते ही वो बोतल टूट गया और सारा इत्र उस पत्‍थर पर बिखर गया। इसके बाद से ही वो पत्‍थर फिसलते हुए उस तांत्रिक सिंघीया के पीछे चल पड़ा और तांत्रिक की मौके पर ही मौत हो गई। मरने से पहले तांत्रिक ने शाप दिया कि इस किले में रहने वालें सभी लोग जल्‍द ही मर जायेंगे और वो दोबारा जन्‍म नहीं ले सकेंगे और ताउम्र उनकी आत्‍माएं इस किले में भटकती रहेंगी। आज उस किले में मौत की चींखें गूंजती हैं। भारत की सरकार ने भी इस किले में शाम के बाद एंट्री बद की हुई है।

2.) दुमास बीच, गुजरात

इस बीच पर हिंदुओं के शवों का दाह-संस्कार किया जाता है। लेकिन शाम के बाद यहां कोई नहीं रुक पाता। क्योंकि लोगों को अकसर यहां अजीब-गरीब आवाज़ें सुनाई देती हैं। यहां कई बार गतिविधियां भी महसूस होती हैं, मानो जैसे वहां कोई हो। जबकि आस-पास कोई नहीं होता। ऐसा माना जाता है कि यहां हर ओर मरे हुए लोगों की रूहें हर पल मौजूद रहती हैं।

3.) दाऊ हिल,कुर्सियांग, पश्चिम बंगाल

पश्चिम बंगाल के कुरसियांग में स्थित दाऊ हिल भारत की सबसे भुतहा जगहों में से एक है। इस पहाड़ी के जंगलों में बहुत सारी हत्याएं की गई हैं जिनकी वजह से यहां बहुत ही डरावना महसूस होता है। यहां के स्थानीय निवासियों ने सर्दियों के मौसम में इसी हिल के नजदीक स्थित विक्टोरिया स्कूल के गलियारों में आत्माओं को चलते हुए महसूस किया है और उनके कदमों की आवाजें भी सुनी हैं। यहां के लकड़हारों ने कई बार लकड़ी काटते हुए इन्हीं जंगलों में बिना सिर वाले लड़के को चलते हुए देखा है और धीरे-धीरे वह पेड़ों के बीच गायब हो जाता है। इन जंगलों और स्कूल में कई बार इस तरह की अजीबोगरीब और डरावनी हरकतें रिकॉर्ड की गई हैं।

4.) राजकिरन होटल, लोनावाला, महाराष्ट्र

पता : बी वार्ड, सी.एस. नंबर- 162, लोनावाला, मुंबई। मुंबई के इस गेस्ट हाउस में जो भी आता है, वो कोई न कोई किस्सा लेकर इस गेस्ट हाउस से बाहर ज़रूर निकलता है। किसी को लगता है कि रात को सोते समय कोई उसके कानों में कुछ-कुछ बोल रहा है, किसी की बेडशीट खुद ही सरकने लगती है, तो किसी को अजीब-गरीब आहट सुनाई देती है। ग्राउंड फ्लोर पर बने इस कमरे को अब वहां का मालिक भी रेंट पर नहीं देता।  

5.) दिल्ली कैंट, दिल्ली, दिल्ली के सेक्टर- 9, द्वारका

कहते हैं कि सेक्टर- 9 के मेट्रो स्टेशन के पास पीपल का एक पेड़ है जहां रूहों का वास है। और इसलिए लोगों ने वहां भगवान की मूर्तियां भी लगाई हुई हैं। इसके अलावा यह भी सुनने को मिला है कि इस जगह पर उन्‍होंने एक सफेद रंग के लिबास में औरत देखी है जो लोगों से लिफ्ट मांगती रहती है और जब वे उसे लिफ्ट देते हैं तो वह अपने आप ही गायब हो जाती है। लेकिन जो लिफ्ट देने से मना करता है, उसका क्या हाल होता है ?, यह किसी को नहीं पता।

6.)शिमला के IGMC अस्पताल  का भूत

शिमला में एक इंदिरा गांधी मेडिकल हॉस्पिटल स्थित है। ये पूरे हिमाचल का सबसे बड़ा अस्पताल है। यहां पर जो लोग इलाज कराने आते हैं अथवा जो यहां से इलाज कराके वापस जाते हैं, उनमें से हर माहिने किसी ना किसी की मौत हो जाती है। कहा जाता है कि जिन लोगों की भी मौत IGMC के अंदर हुई थी वे आज भी हॉस्पिटल के गलियारों, वार्ड्स और लिफ्ट में घूमा करते हैं। इस अस्पताल को उन भूतों का अड्डा माना जाता है। यहां आने वाले कई लोग भूतों के इस समूह का अनुभव कर चुके हैं।यहां पर कई अजीब तरह की आवाजें सुनी हैं और ये आवाजें लोगों को उनके नाम से ही बुलाती हैं। कुछ लोग ये भी बताते हैं कि कभी जब वे गलियारे में अकेले होते हैं और अगले ही पल वे अपने आस-पास किसी को महसूस करते हैं। फिर कोई उन्हें धक्का देता है और वे जीने पर से नीचे गिर जाते हैं। यहां पर कई लोग ये भी बताते हैं कि कभी-कभी वे घंटों तक अस्पताल की लिफ्ट में फंसे रहे और फिर अचानक लिफ्ट अपने आप चालू हो गई। गलियारों और वार्डों में भयानक शोर सुनना यहां के लोगों के लिए एक बहुत ही आम अनुभव है।

7.)शिमला के CJM स्कूल का भूत

शिमला का कॉन्वेंट ऑफ जीसस मैरी चेलेसा स्कूल यहां के मोस्ट फेमस गर्ल्स स्कूल्स में से एक है। इसके बारे में भी कहा जाता है कि ये हॉन्टेड है। यहां पर 13 तारीख के शुक्रवार की कहानी बहुत ही कुख्यात है। अगर महिने में 13 तारीख को शुक्रवार पड़ता है तो यहां पर बच्चे स्कूल आने में बहुत ही डरते और घबराते हैं और स्कूल से वापस जाने के लिए जिद करते हैं। बताते हैं कि 13 तारीख के शुक्रवार के एक बिना सिर वाला घुड़सवार स्कूल के अंदर आता है और यहां किसी लड़की को एक गुलाब भेट करता है। अगर लड़की गुलाब को स्वीकार कर लेती है तो वह उस लड़की को अपने साथ ले जाता है और लगर लड़की इन्कार कर देती है तो वह घुड़सवार उसे मार डालता है। इसकी वजह के बारे में बताया जाता है कि ब्रिटिशर्स के समय में ये एक अनाथालय था और इसके शयनागार वाले क्षेत्र को जला दिया गया था। और यहां रहने वाले कई बच्चों को उसी आग में जिंदा जला दिया गया था। इस बारे में एक लड़की की कहानी और भी फेमस है जो इस आग में जल गई थी। कहा जाता है कि उस लड़की के पास एक गुड़िया होती है और इसके बावजूद वह दूसरे लोगों से गुड़िया के लिए पूछती है या गुड़िया की मांग करती है। वह अधिकतर स्कूल के चपरासियों और यहां की सिस्टर्स से ऐसा करती है। जहां पर उस अनाथालय में बच्चों को जलाया और दफनाया गया था, उस एरिया में अब बच्चों के खेलने के लिए झूले बनाए गए हैं।

8.) IGMC रोड ,(शिमला)

शिमला में जो सड़क जंगल से IGMC को जोड़ती है उसे कई भूतों द्वारा कब्जा कर लिया गया है। इस सड़क पर सन् 1960 के समय में एक आदमी लोगों को संतरे बेचने का काम करता था। कहा जाता है कि उसकी मौत भी उसी जगह पर हुई थी, लेकिन आज भी कई लोगों ने उसे वहां पर संतरे की टोकरी के साथ देखा है। वो आदमी आज भी उस सड़क पर टहलता दिख जाता है। लेकिन लोग ये भी बताते हैं कि वो किसी को भी नुकसान नहीं पहुंचाता है।

9.) चुड़ैल बाड़ी,(शिमला)

चुड़ैल बाड़ी शिमला में ही नवभार से छोटा शिमला जाने वाले एक हाईवे के बीच में स्थित है। ये वो जगह है जहां जाने पर आपके वाहन की स्पीड अपने आप धीमी हो जाती है। इससे पहले आप चाहें जितना तेज गाड़ी चला रहे हों या चाहें जितनी एक्लीलेरेटर दबा रहे हों, लेकिन आपके वाहन की गति धीमी हो जाती है। यहां पर कई लोगों ने रात के समय़ में एक औरत को सफेद साड़ी पहने देखा है जो अपने लंबे काले बालों से अपना चेहरा ढके रहती है।जो लोग रात को इस रास्ते पर सफर करते हैं, ये महिला उनसे लिफ्ट मांगती है। और अगर आप लिफ्ट देने से मना भी कर देते हैं तो भी आपको ये महसूस होता है कि कोई आपकी गाड़ी की पिछली सीट पर बैठा है। कुछ लोग इसी वजह से काफी परेशान हो जाते हैं और उनका एक्सीडेंट हो जाता है।

10.)रामोजी फिल्म सिटी, हैदराबाद (आंध्र प्रदेश)

हैदराबाद में स्थित रामोजी फिल्म सिटी के बारे में भी एक भयानक घटना प्रचलित है कि इसे निजाम सुल्तान की उस जमीन पर बनाया गया है जिस पर युद्ध किया गया था। रामोजी फिल्म सिटी हैदराबाद में स्थित एक बहुत बड़ी फिल्म सिटी है। लेकिन वहां पर हरेक शूटिंग के समय सामान्य तौर पर कुछ ना कुछ अजीब और डरावनी घटनाएं होती रहती हैं जैसे लाइट्स का गिरना, कपड़ों का अपने आप फटा पाया जाना, लाइटमैन को ऊपर से अदृश्य हाथों द्वारा धकेला जाना, आईनों के किनारों पर उर्दू भाषा में अजीबोगरीब निशान उभर आना आदि। इन सभी घटनाओं को व्यापारिक वजहों से जाहिर नहीं किया जाता है। और शायद इसी वजह से यहां पर ये भुतहा हरकतें रूकती नहीं हैं।

11.)जीपी ब्लॉक, मेरठ (उत्तर प्रदेश)

उत्तर प्रदेश के जिला मेरठ का जीपी ब्लॉक बहुत ज्यादा प्रचलित या प्रसिद्ध तो नहीं है लेकिन ये एक भुतहा जगह है। जीपी ब्लॉक एक दो मंजिला घर है और जो लोग इस इलाके से गुजरते हैं वो बताते हैं कि उन्हें इस घर की छत पर लड़कों की आत्मा बैठी हुई दिखती है। कुछ लोगों ने तो इस घर से लाल ड्रेस में लड़कियों को निकलते हुए भी देखा है। और एक दृश्य जो यहां के लोगों ने सबसे ज्यादा बार देखा है वो ये है कि चार लड़के इस घर में अपने बीच एक मोमबत्ती जलाकर बैठते हैं और बियर पीते हैं। ऐसी घटनाओं को देखते हुए लोगों ने इस रास्ते से जाना ही बंद कर दिया है।

12.)होटल सवॉय, मसूरी (उत्तराखंड)

होटल सवॉय भारत के सबसे भुतहा होटलों में से नंबर एक है। मसूरी में स्थित ये होटल सन् 1902 में खोला गया था। इसके बाद सन् 1910 में यहां पर एक बेहद रहस्यमयी हालत में एक डेड बॉडी पाई गई थी। बताया जाता है कि इस होटल का हॉल और यहां के गलियारे एक महिला के भूत से बाधित हैं जिसका नाम गार्नेट ऑर्म था। ये औरत जहर देकर मारी गई थी और वह आज भी उस आदमी को खोजती है जिसने उसे जहर दिया था। वो इस होटल के गलियारों में रात को घूमती है और कई बार यहां रूकने वाले लोगों को दिखी है। लोग बताते हैं कि जब भी कोई उसके सामने आता है तो वह बिना किसी भाव के उसे देखने लगती है जो बहुत ही डरावना होता है।

13.)शनिवारवाड़ा किला, पूने (महाराष्ट्र)

पूने की शनिवारवाड़ा किला अपने ऐतिहासिक अस्तित्व के साथ-साथ इससे जुड़ी भुतहा कहानियों की वजह से जाना जाता है। इस किले में पेशवा राजवंश के 13 वर्षीय बालक नारायण की उसी के किसी सगे-संबंधी द्वारा बहुत ही बेरहमी से हत्या कर दी गई थी। बताया जाता है कि अपनी हत्या के समय वह बच्चा पूरे किले में अपनी जान बचाने के लिए दौड़ता रहा था और चिल्लाता रहा था कि 'काका, माला वाचवा।' (काका, मुझे बचा लो।) इस समय उसका हत्यारा उस बच्चे के पीछे ही भाग रहा था। यहां के स्थानीय निवासी बताते हैं कि आज भी जब पूरे चांद की रात अर्थात् पूर्णिमा की रात होती है तो ये बच्चा इन्हीं चीखों के साथ पूरे किले में भागता रहता है। पूर्णिमा की रातें इस महल की सबसे डरावनी रातें होती हैं।

14.)डिसूजा'स चॉल, मुंबई (महाराष्ट्र)

मुंबई के महिम में स्थित डिसूजा'स चॉल भारत की दूसरी सबसे डरावनी जगह है। बताया जाता है कि कुएं से पानी निकालते समय एक महिला की यहां पर मौत हो गई थी। कई स्थानीय निवासियों ने ये दावा किया है कि रात के समय उन्होंने कुएं के पास एक महिला की आत्मा देखी है। लोग बताते हैं कि वो महिला बहुत ही डरावनी दिखती है। इस स्थान पर अकेले जाना या अकेले घूमना बिल्कुल भी सेफ नहीं है।

15.)ब्रिज राज भवन पैलेस, कोटा (राजस्थान)

कोटा में स्थित ब्रिज राज भवन लगभग 175 साल पुराना है तथा इसे कोटा के एक राजपरिवार द्वारा अधिग्रहीत किया गया था। सन् 1980 में ये पैलेस एक  होटल में परिवर्तित हो गया। लेकिन ये पैलेस भी भुतहा है और बताया जाता है कि जो भूत यहां रहता है उसका नाम मेजर बर्टन है। मेजर बर्टन को भारतीय सिपाहियों द्वारा मार डाला गया था। ये उस समय की बात है जब कोटा में अंग्रेजों का शासन था। मेजर बर्टन को उसके दो बेटों के साथ इसी बिल्डिंग के सेंट्रल हॉल में मारा गया था। मेजर बर्टन का भूत एक छड़ी लेकर पूरे महल में घूमता रहता है। दिन में तो इस भूत के द्वारा किसी को नुकसान पहुंचाने की खबर तो नहीं आई है लेकिन बताया जाता है कि अगर रात में कोई गार्ड यहां पर सो रहा होता है तो ये भूत उन्हें डराता है तथा उन्हें थप्पड़ भी मारता है।

16.)ग्रांड पैराडी टावर्स,मुम्बई (महाराष्ट्र )

मुंबई में सबसे मशहूर और सबसे समृद्ध क्षेत्रों में से एक में स्थित है ग्रांड पैराडी टॉवर जिसे कभी कभी ग्रैंड पैरारी के नाम से भी जाना जाता है। इमारत 1976 में निर्माण किया गया था जिसके बाद से घातक दुर्घटनाओं और आत्महत्या के 20 मामलों में वहाँ के रहवासियों को हिल कर रख दिया। यहां कई लोगों ने  बच्चों समेत खिड़की से कूदकर आत्म हत्या की। और तो और कुछ घरों में तो नौकरानियों ने भी उसी तरीके से आत्महत्या कर ली जिससे एक बात तो साफ हो गई कि इन सभी दुर्भाग्यपूर्ण घटनाओं के पीछे बुरी ताकतों का हाथ है। इन सभी घटनाओं पर विराम लगाने के लिए सोसाइटी के लोगों ने मिलकर फिर पूजा और यज्ञ-हवन करवाया जिसके बाद इन घटनाओं पर विराम लग गया। मगर आज भी 8वीं मंजिल का वो फ्लैट में रुकने की हिम्मत कोई नहीं कर सकता है।

17.)मुकेश मिल्स ,कोलाबा,मुंबई (महाराष्ट्र )

1980 में बंद हुई कोलाबा में इस विशाल मिल में कई फिल्मों और विज्ञापनों की शूटिंग यहां किया गया है। सुनसान मुकेश मिल्स खासकर रूहानी ताकतों का अड्डा माना जाता है।और हॉरर फिल्मों और गोथिक शो के लिए तो ये स्वर्ग सरीखा है। यहां कई सेट हैं मगर जिन एक्टरों और एक्ट्रेसेस ने यहां शूटिंग की है वे तो इसका नाम सुनते ही तौबा कर लेते हैं। और तो और जो यहां काम करने को राजी भी हो जाते हैं वो भी रात की शूटिंग से यहां बचते हैं। वजह है यहां अतृप्त आत्माओं का वास होना जो समय-समय पर यहां अपने वजूद का एहसास दिलाते रहती है।

18.)संजय गांधी राष्ट्रीय उद्यान,मुंबई (महाराष्ट्र )

मुंबई के उत्तरी किनारे पर स्थित इस बड़े संरक्षित क्षेत्र से गुजरते वक्त आपकी नस-नस में सनसनी गुजर जाना एक आम बात है।अगर इसी इलाके से आप रात के सुनसान विराने में गुजरे तो आपको ऐसे-ऐसे एहसास होंगे जो आपके रौंगटे खड़े करने के लिए काफी हैं। यहां रात को गुजरने पर आपको अनचाही आवाजों के साथ-साथ कुछ ऐसी चीजें भी देखने को मिल जाएंगी जो आपके हलक को सुखा सकती हैं।सफेद साड़ी में लिपटी महिलाएं देखना, डरावनी चीखें सुनना और अतृप्त आत्माओं द्वारा गाड़ी में लिफ्ट मांगना कुछ ऐसे खास एहसास हैं जो यहां के लोगों को अक्सर होते रहते हैं। इस बात की गवाही यहां वे वनरक्षक भी देते हैं।

19.)टॉवर ऑफ साइलेंस,मालाबार हिल,मुंबई (महाराष्ट्र )

पूरे विश्व ये अपने तरह का एक मात्र ऐसा खास इलाका है जहां के खौफनाक मंजर केवल भूतीया अनुभवों तक ही सीमित नहीं है बल्कि उससे काफी बढ़कर हैं। यहां तो दिन में ही एक से बढ़कर एक खौफनाक मंजर आपको देखने को मिल जाएंगे।टॉवर ऑफ साइलेंस दरअसल पारसी कब्रिस्तान है। यहां पारसी समुदाय के लोग अपने मृत जनों का अंतिम संस्कार करते हैं।पारसी समुदाय अपने मृतकों के शव को न जलाते हैं, न दफनाते हैं बल्कि यही लाकर खुले में छोड़ जाते हैं गिद्धों और अन्य मांस भक्षी पक्षियों और जानवरों के लिए......और ये ही यहां से जुड़े सबसे बड़ी खौफ की वजह भी है।यहां पर अगर कोई दिन में जाने की गलती कर भी ले तो रात में तो कतई यहां कोई जाने की न हिमाकत कर सकता है ,यहां अक्सर सफेद कपडो़ं में एक बेहद हसीन किशोरी देखी जाती है जो रात के वक्त यहां से गुजरने वालों से लिफ्ट मांगती है। इसके अलावा एक पारसी परिवार की आत्माओं को देखे जाने का भी दावा किया जाता है जो इसी जगह एक कार एक्सीडेंट में मारे गए थे। वे भी आते-जाते लोगों को अक्सर दिख जाते हैं। वे लोगों को गाड़ी खराब होने के बहाने से अपनी ओर आकर्षित करते हैं और मदद की अपील करते हैं। ये दोनों ही आत्माओं ने यहां से गुजरने वाले कुछ लोगों को नुक्सान भी पहुंचाया जिसके बाद यहां के बारे में ये बात प्रचलित हो गई कि यहां कभी भी जाना खतरे से खाली नहीं है और जाने-अनजाने अनिष्ट को चुनौती देना है।   

20.) तहसील पोहरी,शिवपुरी,भोपाल ,(मध्य प्रदेश )

यह रहस्यमयी किला है शिवपुरी जिले की तहसील पोहरी में। एक नहीं, कई लोगों का मानना है कि इस किले में रात को भूत-प्रेतों की महफिल जमने लगती है। घुंघरूओं की आवाजें दूर-दूर तक सुनाई पड़ती हैं। कुछ लोगों ने दुस्साहस दिखाते हुए इस महफिल को देखने की कोशिश की, तो वे मौत के मुंह में चले गए। इस किले का इतिहास करीब 2100 साल पुराना बताया जाता है। यह किला समीपवर्ती शहर नरवर शासन के सेनापति वीर खांडेराव का निवास रहा है। उनकी मृत्यु के बाद यहां संभवत: कोई दूसरा आदमी या परिवार स्थायीतौर पर टिक नहीं पाया। रात में यहां से घुंघरूओं की आवाज आती है।यहां कई लोगों ने आत्माएं घूमते देखी हैं।कुछ लोगों का मानना है कि यहां खजाना छिपा हुआ है। भूत-प्रेत उसी की रखवाली करते हैं। कुछ लोगों ने इस खजाने को चुराने के मकसद से किले में सेंधमारी भी की, लेकिन उनका बुरा हश्र हुआ।

21.)हारांगुल गांव,जिला लातूर,(महाराष्ट्र)

ऐसा माना जाता है कि 15वीं शताब्दी में पहली बार यहा डायन प्रथा इस गांव से शुरू हुई। डायन प्रथा के यहां शुरू होने से काले जादू के बल पर आम महिलाओं के डायनों में परिवर्तित हो जाने के बाद इस गांव की पहचान हमेशा-हमेशा के लिए बदल गई।इस गावों के निवासियों ने उन डायनो को मारना शुरू किया ,पर वो आज भी यहा भटकती है , इसी वजह से इस गांव में आज भी पेड़ों पर कील ठोंकना, पेशाब करना, थूकना या रात को पेड़ों के पास सोना बुरी घटनाओं को न्योता देने वाला माना जाता है।गांव में आज भी मान्यता है कि रात में इन डायनों की आत्माएं लोगों को आकर्षित करने की कोशिश करती हैं। अब वे पहले जितनी ताकतवर तो नहीं रहीं कि सीधे तौर पर किसी को नुकसान पहुंचा सकें पर जो कोई भी इनके द्वारा डाले गए डोरे में फंस जाता है उसका बड़ा ही बुरा हष्र होता है।     

22.)खूनी दरवाजा ,बहादुरशाह जफर मार्ग पर दिल्ली गेट,(दिल्ली)

यह दरवाजा बहादुरशाह जफर मार्ग पर दिल्ली गेट के पास स्थित है।यह जगह उतनी ही डरावनी है जितना की इसका नाम।कहा जाता है कि इस स्थान पर मुग़ल सल्तनत के तीन शहजादे मरने के बाद आज भी अपने साथ हुए अपमान का बदला लेने की प्रतीक्षा कर रहे हैं। दरअसल अंग्रेज कैप्टेन हडसन ने बहादुरशाह जफ़र के दो बेटों मिर्जा मिगल और क्रिज सुलतान तथा पोते अबू बकर को गिरफ्तार किया और नंगा कर गोली मारकर उनकी बेरहमी से हत्या कर दी थी।

23.)महरौली गाव ,जमाली-कमाली मस्जिद ,(दिल्ली)

जमाली-कमाली मस्जिद दिल्ली के पुरातत्व गांव महरौली में स्थित है।इस मस्जिद का नाम दो इंसानों के नाम पर पड़ा जिनमे से एक का नाम जमाली जो कि एक सूफी संत थे और दूसरे का नाम कमाली था।दोनों सूफी संतों को इस जगह दफनाया गया था। कहा जाता है कि वीरान सी दिखने वाली इस जगह पर जिन आकर नमाज अदा करते हैं।वैसे तो इस वीरान जगह पर कोई आता जाता नहीं लेकिन यदि गलती से भी कोई जिन्नाद की नमाज के दौरान पहुंच गया तो जिन उनपर थप्पड़ों की बरसात कर देते हैं।

24.)संजय वन ,(दिल्ली)

इस स्थान को खांडवप्रस्थ के नाम से भी जाना जाता है और इस स्थान को ही पांडवों से भगवान कृष्ण की मदद से इन्द्रप्रस्थ के रूप में तैयार किया। वैसे तो यह एक खूबसूरत जंगली इलाका है और यहां बरगद के बड़े-बड़े पेड़ स्थित हैं।लोग बताते हैं कि कई बार लोगों ने इस स्थान पर  सफ़ेद कपड़ों में लिपटी हुई किसी औरत को छिपते देखा है।

25.)लोथियन सेमेट्री ,कश्मीरी गेट ,(दिल्ली)

पुरानी दिल्ली में में कश्मीरी गेट के पास स्थित यह स्थान एक ईसाई कब्रिस्तान है।यह कब्रिस्तान देखने में काफी सुन्दर जगह प्रतीत होती है लेकिन कुछ भूतिया कहानियों ने लोगों के दिल में इस स्थान के बारे में एक खौफ पैदा कर दिया है।कहा जाता है यहां एक सिपाही को दफनाया गया था जिसने अपनी प्रेमिका द्वारा ठुकराए जाने पर अपना सिर काट लिया था और तब से हर अमावस्या के दिन उस सिपाही का भूत इस स्थान पर टहलता नजर आता है।

26.)दिल्ली कैट , (दिल्ली)

दिल्ली कैंट वह स्थान है जिसका निर्माण ब्रिटिश इंडियन आर्मी ने करवाया था और जहां आज इंडियन आर्मी का हेडक्वार्टर स्थित है।हरियाली से भरपूर एक खूबसूरत जगह होने के बावजूद भी यहां से गुजरने वाले हर शख्स के दिल में एक अजीब सा डर भर जाता है। कई लोगों का कहना है कि इस स्थान पर सफ़ेद पोशाक में एक लड़की लिफ्ट मांगती नजर आती है और जैसे ही लोग उसे लिफ्ट देते हैं वह लड़की अपने आप ही गायब हो जाती है।

27.)कुलधरा गांव,जिला जैसलमेर,(राजस्थान)

यह गांव है राजस्थान के जैसलमेर जिले का कुलधरा गांव। कहा जाता है कि यह गांव पिछले दो सौ सालों से रूहानी ताकतों के कब्जे में हैं। प्रशासन ने इस गांव की सरहद पर एक फाटक बनवा दिया है जिसके पार दिन में तो सैलानी घूमने आते रहते हैं लेकिन रात में इस फाटक को पार करने की कोई हिम्मत नहीं कर सकता।ऐसा कहा जाता है कि  गांव का यह वीराना एक दीवान के पाप के कारण है, यह गांव आज तक नहीं बस पाया उसके पीछे पालीवाल ब्राह्मणों का श्राप है जो उन्होंने राजा के पाप करने पर दिया था।आज वीरान खंडहरों में तब्दील हो चुका गांव बारहवीं शताब्दी में पालीवाल ब्राह्मणों की राजधानी हुआ करता था, जिसकी सम्रद्धि के चर्चे पूरे राजस्थान में थे। यहां की इमारतों की वास्तुकला मन को मोहने वाली हुआ करती थी, आज भी यहां के खंडहरों की नक्कासी देखकर उन पालीवाल ब्राह्मणों की सम्रद्धि का अंदाज़ा लगाया जा सकता है।